अरुण पाठक
बोकारो: आई.टी.सी. संगीत रिसर्च अकादमी, कोलकाता एवं भारतीय संगीत कला अकादमी, बोकारो स्टील सिटी (Bokaro Steel City) के संयुक्त तत्वाधान में 21 नवंबर 2026 को बोकारो में विश्व प्रसिद्ध शास्त्रीय गायक पद्म भूषण पंडित अजय चक्रवर्ती (Classical Vocalist Pandit Ajoy Chakrabarty) अपने गायन की प्रस्तुति देने आ रहे हैं। यह जानकारी साझा करते हुए बोकारो के प्रसिद्ध तबला वादक एवं भारतीय संगीत कला अकादमी, बोकारो के सचिव डॉ. राकेश रंजन ने कहा कि बोकारो के लिए वह क्षण गौरव का होगा जब पंडित अजय चक्रवर्ती जी का बोकारो आगमन होगा।
उल्लेखनीय है कि पंडित अजय चक्रवर्ती भारत के दिग्गज हिन्दुस्तानी शास्त्रीय गायक और संगीतकार हैं। उन्होंने देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी अनेक संगीत समारोह में अपनी प्रस्तुतियां दी हैं। उन्हें मुख्य रूप से पटियाला-कसूर घराने के अग्रणी प्रतिपादक के रूप में जाना जाता है। अपनी गायकी में कई घरानों का मिश्रण करने वाले पंडित अजय चक्रवर्ती जी को 2020 में देश के तीसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म भूषण से नवाजा गया था।
उनका जन्म पश्चिम बंगाल के श्यामनगर में हुआ था। उन्होंने रबिन्द्र भारती विश्वविद्यालय, कोलकाता से संगीत में कला स्नातक और स्नातकोत्तर की शिक्षा स्वर्ण पदक के साथ पूरी की। उन्होंने अपने पिता पंडित अजीत कुमार चक्रवर्ती से संगीत की प्रारंभिक शिक्षा ली्। इसके बाद उन्होंने महान संगीतज्ञों जैसे कनाईदास बैरागी, पंडित ज्ञान प्रकाश घोष और उस्ताद बड़े गुलाम अली खान के सुपुत्र उस्ताद मुनव्वर अली खान से शास्त्रीय संगीत की तालीम हासिल की।
पंडित अजय चक्रवर्ती ख्याल और ठुमरी के अलावा टप्पा, भजन, कीर्तन, गजल और आधुनिक गीत भी गाते हैं। फिल्म गदर में इनका गाया गीत ‘आन मिलो सजना..’ काफी लोकप्रिय हुआ। वर्ष 2020 में पद्म भूषण, 2011 में पद्म श्री, संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार, और 2015 का तानसेन सम्मान उन्हें प्राप्त हो चुके हैं। उन्होंने कोलकाता में ‘श्रुतिनंदन’ नामक एक प्रसिद्ध संगीत विद्यालय की स्थापना की है। उनकी बेटी कौशिकी चक्रवर्ती भी देश की एक अत्यंत लोकप्रिय और स्थापित हिंदुस्तानी शास्त्रीय गायिका हैं।

